स्कूल प्रिंसिपल कैसे बने। How to become a school principal

अगर आप की भी पढ़ाई में बहुत रुचि है और पढ़ाई में अपना करियर आगे बढ़ाना चाहते हैं। तो आप एक स्कूल या कॉलेज में टीचर या तो प्रिंसिपल बन सकते हो। अगर आपको भी स्कूल प्रिंसिपल बनना है तो आज हम आपको बताएंगे कि स्कूल प्रिंसिपल कैसे बनें।



विषय सूची 

  • स्कूल प्रिंसिपल कैसे बने 
  • स्कूल प्रिंसिपल कौन होते हैं 
  • सरकारी स्कूल में प्रिंसिपल कैसे बने 
  • योग्यता 
  • स्कूल प्रिंसिपल बनने के लिए क्या-क्या क्वालिफिकेशन होनी चाहिए 
  • स्कूल प्रिंसिपल बनने के लिए आवेदन कैसे करें स्कूल प्रिंसिपल की नियुक्ति कैसे होती है 
  • कौन कौन से स्कूल में प्रिंसिपल बनने के लिए आवेदन कर सकते हैं 
  • स्कूल प्रिंसिपल की सैलरी स्कूल प्रिंसिपल बनने के लिए कौन सा एग्जाम देना पड़ता है 
  • स्कूल प्रिंसिपल बनने के लिए अधिकतम आयु कितनी होनी चाहिए 
  • स्कूल प्रिंसिपल का क्या क्या कार्य होता है

स्कूल प्रिंसिपल कौन होते हैं?

स्कूल का सर्वोच्च अधिकारी स्कूल प्रिंसिपल होता है जो स्कूल से जुड़े सभी कार्य और गतिविधियों का ध्यान रखता है। भारत में सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में प्रिंसिपल का पद हमेशा होता ही है। अगर सारे सरकारी और प्राइवेट स्कूलों को जोड़ा जाए तो स्कूल प्रिंसिपल के पदों की संख्या लाखों में होती है। Principal को हिंदी में प्रधानाचार्य भी कहा जाता है। स्कूल से जुड़ा कोई भी कार्य बिना प्रिंसिपल की अनुमति के नहीं किया जाता।


सरकारी स्कूल में प्रिंसिपल कैसे बने?

स्कूल लेक्चरर और स्कूल प्रिंसिपल की शैक्षिक योग्यता में कोई भी अंतर नहीं होता। लेकिन कोई भी व्यक्ति सीधे स्कूल प्रिंसिपल बनने के लिए आवेदन नहीं कर सकता। क्योंकि उसको पहले स्कूल लेक्चरर पद के लिए आवेदन करना होता है। और उसके बाद कुछ सालों के अनुभव को प्राप्त करके वह स्कूल प्रिंसिपल के पद के लिए आवेदन करने योग्य बनता है।

योग्यता

  • आपकी किसी भी विश्वविद्यालय से मान्यता प्राप्त सब्जेक्ट में ग्रेजुएशन कंप्लीट होनी चाहिए।
  • आपके पास MA, M.com, M.sc की डिग्री होनी चाहिए।
  • आपके पास b.Ed की डिग्री होनी चाहिए।
  • उम्मीदवार को TET का एग्जाम  पास करना पड़ेगा।


स्कूल प्रिंसिपल बनने के लिए क्या क्या क्वालीफिकेशन होनी चाहिए?

  • आपके पास पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री होनी चाहिए।
  • आपके पास b.Ed की डिग्री यानी टीचर ट्रेनिंग डिग्री होनी चाहिए।
  • आपको TET या CTET के एग्जाम को क्लियर करना पड़ेगा।
  • आपके पास टीचिंग में 5 से 10 साल का अनुभव होना चाहिए।
  • एक बार की आयु ज्यादा से ज्यादा 50 साल होनी चाहिए। इससे अधिक आयु नहीं होनी चाहिए।


स्कूल प्रिंसिपल बनने के लिए आवेदन कैसे करें?

  • स्कूल प्रिंसिपल बनने के लिए आपको टेट की परीक्षा के लिए आवेदन करना होगा।
  • उसके बाद आपको टीईटी या सीटीईटी का एग्जाम अच्छे नंबरों से पास करना होगा।
  • और जब प्रिंसिपल की वैकेंसी आती है तो उसमें आपको आवेदन करना होगा 
  • आवेदन के बाद आपका इंटरव्यू होगा और इंटरव्यू में सफल होकर आप नियुक्त हो जाएंगे।


स्कूल प्रिंसिपल की नियुक्ति कैसे होती है?

 सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में प्रिंसिपल बनने के लिए नियुक्ति इस तरह से होती है।

  • प्रमोशन के द्वारा 
  • लिखित परीक्षा और इंटरव्यू के द्वारा।


कौन कौन से स्कूल में प्रिंसिपल बनने के लिए आवेदन कर सकते हैं?

  • राज्य सरकार के स्कूलों में 
  • केंद्रीय सरकार के स्कूलों में 
  • सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त मैनेजमेंट स्कूलों में निजी और प्राइवेट दोनों स्कूलों में


स्कूल प्रिंसिपल की सैलरी?

भारत में टीचर की नौकरी को सबसे अच्छी नौकरी माना जाता है अगर बात करें स्कूल प्रिंसिपल की सैलरी की तो प्रिंसिपल की सैलरी भी बहुत अच्छी होती है। स्कूल प्रिंसिपल की सैलरी सातवें वेतन आयोग के आधार पर होती है। जोकि 70000 से 80000 तक मासिक सैलरी हो सकती है।




बार बार पूछे जाने वाले कुछ महत्वपूर्ण प्रश्न


Q. स्कूल प्रिंसिपल बनने के लिए कौन सा एग्जाम देना पड़ता है?

Ans. स्कूल प्रिंसिपल बनने के लिए आपके पास टीचिंग का आज से 10 साल का अनुभव होना चाहिए। उसके बाद प्रमोशन के आधार पर आप की लिखित परीक्षा और इंटरव्यू होता है। उसके बाद आप स्कूल प्रिंसिपल बन सकते हैं।


Q. स्कूल प्रिंसिपल बनने के लिए अधिकतम आयु कितनी होनी चाहिए?

Ans. स्कूल प्रिंसिपल बनने के लिए आप की अधिक से अधिक आयु 50 वर्ष होनी चाहिए उससे ज्यादा नहीं होनी चाहिए।


Q. स्कूल प्रिंसिपल का क्या क्या कार्य होता है?

Ans. एक स्कूल प्रिंसिपल को स्कूल से जुड़ी हर एक गतिविधियों पर निगरानी रखनी होती है। और स्कूल में अनुशासन बनाए रखना होता है।स्कूल की सारी मैनेजमेंट का ध्यान रखना होता है। छात्रों और टीचरों की हर एक परेशानी को सुनकर उनका समाधान करना होता है।